रिपोर्ट- मुकेश कुमार सोनी
गुमला- गुमला जिला के विशुनपुर विधायक चमरा लिंडा इन दिनों लोगों की नाराजगी का शिकार हो रहे है। देवाकी बाबा धाम मंदिर के समीप जय सरना लूरखुड़िया में बैठक करने आए चमरा लिंडा का देवाकी पंचायत सहित कई पंचायतों के ग्रामीणों ने घोर विरोध किया है। ग्रामीणों ने विधायक चमरा लिंडा पर आरोप लगाया कि उन्होंने आदिवासियों का शोषण होने और हक अधिकार दिलाने के नाम पर राजनीति अय्याशी करने का काम किया है। ग्रामीणों का यह भी आरोप है की विधायक जी को आम जनता के सुख दुख से कोई लेना देना नहीं है। दरअसल लूरखुड़िया के समीप कार्तिक उरांव जयंती के आयोजन को लेकर ग्रामीणों द्वारा बैठक का आयोजित की गई थी। बैठक चल ही रही थी की अचानक विशनपुर विधायक चमरा लिंडा का आगमन बगल के लूरखुड़िया में हुआ। इस दौरान उन्होंने न तो ग्रामीणों से उनका हालचाल जाना और न ही किसी भी पंचायत प्रमुख से संपर्क किया। विधायक जी के इस गैरजिम्मेदाराना व्यवहार को लेकर ग्रामीणों ने अपना विरोध प्रकट किया है। ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से कहा कि विधायक चमरा लिंडा के इस व्यवहार का जवाब वह सभी आने वाले विधानसभा के चुनाव के दौरान देंगे। ग्रामीणों ने वोट बहिष्कार करते हुए विधायक जी को सबक सिखाने की बात कही।